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27 February 2018

प्रधानमंत्री ने सूरत में 'रन फॉर न्यू इंडिया' मैराथन को हरी झंडी दिखाई


प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के सूरत, में 'रन फॉर न्यू इंडिया' मैराथन को ध्वजांकित किया. मैराथन का उद्देश्य सामाजिक कारकों के बारे में जागरुकता पैदा करना है और सभी को न्यू इंडिया बनाने के लिए आह्वान करना है. मैराथन को 4 श्रेणियों में विभाजित किया गया है. करीब 1.50 लाख धावकों ने 'रन फॉर न्यू इंडिया' मैराथन में हिस्सा लिया था जो सूरत नागरिक समिति द्वारा आयोजित किया गया था. इस अवसर पर मोदी ने कहा बहुत लोग सोचते हैं कि सूरत यानी उंधिया पार्टी, लोचो है, लेकिन यहां के लोग जो ठान लें वो करते हैं. इसलिए आपसे मांगने को मन करता है. 31 अक्टूबर को सरदार वल्लभ पटेल की जयंती पर रन फॉर यूनिटी और 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर सूरत तय करे तो देश-दुनिया के रिकॉर्ड टूटें. पीएम मोदी ने कहा कि 1942 में भारत छोड़ो संकल्प के साथ गांधीजी के नेतृत्व में देश आगे बढ़ा और 5 साल में अंग्रेजों को यहां से जाना पड़ा. अब 5 साल बाद 2022 में आजादी के 75 साल पर देश के सवा सौ करोड़ लोग देश को बुलंदी पर पहुंचाने का संकल्प ले आजादी के दीवानों का सपना पूरा कर सकते हैं. मोदी ने कहा कि नया भारत ऐसा हो जो जातिवाद, साम्प्रदायिकवाद और भ्रष्टाचार से मुक्त हो. बहन-बेटियों का सम्मान हो, गरीबी और गंदगी से मुक्ति हो, जहां हर किसी को अपने सपनों के अनुकूल काम करने की शक्ति मिले.

रन फॉर न्यू इंडिया मैराथन की शुरुआत लालभाई कांट्रेक्टर स्टेडियम से रविवार शाम 7.30 बजे हुई. 22000 लाइट्स से जगमगाते मैराथन रूट पर डेढ़ लाख लोगों ने दौड़ लगाई। 42 किमी की फुल मैराथन देर रात 2 बजे तक चलती रही. रन फॉर न्यू इंडिया नाइट मैराथन में 1.5 लाख लोगों ने दौड़ लगाई. 42 किमी की फुल, 21 किमी की हॉफ के अलावा 10 और 5 किमी की दौड़ रखी गई थी. दौड़ को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लालभाई कांट्रेक्टर स्टेडियम से हरी झंडी दिखाई. मैराथन में देश-विदेश के धावकों के साथ व्यापारी, डॉक्टर, वकील, सीए, सीनियर सिटीजन, दिव्यांग और कई क्षेत्रों के लोगों ने भाग लिया. मैराथन रूट में पड़ने वाले सभी ट्रैफिक सर्किल को दुल्हन की तरह सजाया गया था. रूट पर पीने का पानी और कोल्ड ड्रिंक्स आदि की व्यवस्था की गई थी. इमरजेंसी के लिए मेडिकल स्टाफ तैनात था. नाइट मैराथन का आयोजन सूरत नागरिक समिति ने किया था.

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