मासिक करेंट अफेयर्स

11 December 2018

लंदन कोर्ट ने विजय माल्या के प्रत्यर्पण को मंजूरी दी

भगोड़े शराब कारोबारी विजय माल्‍या को भारत लाए जाने का रास्‍ता साफ हो गया है. लंदन की कोर्ट ने माल्‍या के प्रत्‍यर्पण को मंजूरी दे दी है. कोर्ट ने कहा कि वह ऊपरी कोर्ट में अपील कर सकता है. माल्‍या को 14 दिन में फैसले के खिलाफ अपील करनी होगी. फैसला आने के बाद मामले को ब्रिटेन के गृह विभाग के पास भेज दिया गया है और अब देश के गृह मंत्री को इस पर फैसला लेना है. वहीं सीबीआइ ने लंदन कोर्ट के फैसले का स्वागत किया. सीबीआइ ने कहा की हम जल्द ही उसे लाने और केस को खत्म करने की उम्मीद करते हैं. सीबीआइ की अपनी अंतर्निहित शक्तियां हैं. हमने इस मामले पर बहुत मेहनत की. हम कानून और तथ्यों पर मजबूत थे, प्रत्यर्पण प्रक्रिया का पालन करते समय हमें इस बात का विश्वास था.

धोखाधड़ी और मनी लांड्रिंग के मामले में वांछित माल्या पर भारतीय बैंकों के करीब 9,000 करोड़ रुपये बकाया हैं. ब्रिटेन में पिछले साल अप्रैल में उसकी गिरफ्तारी हुई थी. अभी वह जमानत पर है. माल्या ने मनी लांड्रिंग के आरोपों के बाद देश छोड़ दिया था. वह मार्च, 2016 से लंदन में है. भारत सरकार लगातार उसके प्रत्यर्पण की कोशिश कर रही है. पिछले साल चार दिसंबर को लंदन की मजिस्ट्रेट अदालत में माल्या के खिलाफ सुनवाई शुरू हुई थी. इस मामले में भारत सरकार की ओर से क्राउन प्रोसीक्यूशन सर्विस (सीपीएस) केस देख रही है. सीपीएस के प्रमुख मार्क समर्स का कहना है कि मानवाधिकारों के आधार पर माल्या के प्रत्यर्पण में कोई बाधा नहीं है. वहीं माल्या का बचाव पक्ष यह साबित करने के प्रयास में है कि किंगफिशर एयरलाइंस द्वारा बैंकों से लिया गया पैसा कारोबारी विफलता के कारण डूबा. इसमें बेईमानी या धोखाधड़ी नहीं की गई.

इससे पहले, सुप्रीम कोर्ट ने विजय माल्या की वह मांग खारिज कर दी थी, जिसमें उसने ईडी की कार्रवाई पर रोक लगाने की अपील की थी. ईडी ने मुंबई स्थित विशेष अदालत में अर्जी दाखिल कर मांग की है कि माल्या को नए कानून के तहत भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित किया जाए. ऐसा होने से ईडी को माल्या की संपत्ति जब्त करने का अधिकार मिल जाएगा. ईडी की इस कार्रवाई पर रोक लगाने के लिए माल्या ने बांबे हाई कोर्ट में याचिका दी थी. पिछले महीने वहां से अर्जी खारिज होने के बाद उसने सुप्रीम कोर्ट में अपील की थी. इस बीच, हर ओर से फंदा कसता देख माल्या ने बैंकों का 100 फीसद कर्ज चुकाने का प्रस्ताव दिया है. उसने इस संबंध में कि वह बैंकों का पूरा कर्ज चुकाने को तैयार है. उसका दावा है कि वह 2016 से ही कर्ज चुकाने का प्रस्ताव दे रहा है, लेकिन भारत सरकार ने उसके प्रस्ताव का कोई उत्तर नहीं दिया.

विजय माल्‍या का जन्‍म 18 दिसंबर 1955 को कर्नाटक में मंगलौर के बंटवाल शहर में हुआ था. उनकी प्रारम्‍भिक शिक्षा कोलकाता के लॉ मास्‍टीने स्‍कूल से हुई. उन्होंने सेंट जेवियर कॉलेज, कोलकाता से ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की. विजय माल्या पहली बार वर्ष 2002 में कर्नाटक से निर्दलीय सांसद के तौर पर चुनाव जीतकर राज्यसभा पहुंचे थे. विजय माल्‍या ने किंगफिशर एयरलाइंस की स्थापना वर्ष 2005 में की थी. किंगफिशर एयरलाइंस को फरवरी 2013 में बंद कर दिया गया था. विजय माल्‍या को दुनिया भर के अमीर लोगों में ‘किंग ऑफ गुड टाइम’ के नाम से जाना जाता है. विजय माल्‍या वर्ल्‍ड इकॉनॉमिक्‍स फोरम द्वारा अंतरराष्‍ट्रीय स्‍तर का 'कल का नेता' अवॉर्ड से नवाजा जा चुका है.

No comments:

Post a comment