मासिक करेंट अफेयर्स

13 September 2021

उत्तराखंड के राज्यपाल बनाए गए गुरमीत सिंह, बनवारीलाल पुरोहित पंजाब के राज्यपाल नियुक्त

राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने उत्तराखंड की राज्यपाल बेबी रानी मौर्या का इस्तीफा 09 सितंबर 2021 को स्वीकार कर लिया. लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) गुरमीत सिंह को उत्तराखंड के गवर्नर की कमान सौंप दी है. लेफ्टिनेंट जनरल सिंह राज्य के आठवें राज्यपाल होंगे. प्रथम राज्यपाल सुरजीत सिंह बरनाला के बाद लेफ्टिनेंट जनरल सिंह प्रदेश के दसूरे सिख राज्यपाल हैं. 
गौरतलब है कि बेबी रानी मौर्य ने 08 सितंबर 2021 को अपना इस्तीफा राष्ट्रपति को सौंप दिया था. इसके बाद से ही नए राज्यपाल के नाम को लेकर चर्चाएं हो रही थीं. बेबी रानी मौर्य ने 28 अगस्त 2018 को उत्तराखंड के राज्यपाल की जिम्मेदारी संभाली थी. 3 साल से अधिक का समय गुजारने के बाद राज्यपाल बेबी रानी मौर्य अपने पद से इस्तीफा दिया.

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने 09 सितंबर 2021 को पंजाब, उत्तराखंड और नागालैंड में राज्यपाल की नियुक्ति को मंजूरी दे दी. राष्ट्रपति भवन की ओर से मिली जानकारी के मुताबिक, तमिलनाडु के राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित को पंजाब का राज्यपाल नियुक्त किया गया है. जबकि नागालैंड के राज्यपाल आरएन रवि को तमिलनाडु का राज्यपाल नियुक्त किया गया है. इसके साथ ही लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) को उत्तराखंड का राज्यपाल नियुक्त किया गया है. असम के राज्यपाल जगदीश मुखी को नागालैंड के राज्यपाल का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.

लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह भारतीय सेना में कई पदों पर रहे हैं. लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह पूर्व डिप्टी चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ, श्रीनगर में कॉर्प्स कमांडर, डायरेक्टर जनरल ऑफ मिलिट्री ऑपरेशन यानी डीजीएमओ जैसे महत्वपूर्ण पदों पर रहे हैं. विधानसभा चुनाव के ठीक पहले एक शीर्ष आर्मी ऑफिसर को उत्तराखंड जैसे सैन्य प्रदेश का राज्यपाल बनाए जाने के कई मायने निकाले जा रहे हैं. चीन मामलों पर उन्हें जानकार विशेषज्ञ माना जाता है. लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह भारतीय सेना में चार दशक की सर्विस के बाद साल 2016 में रिटायर हुए. भारतीय सेना में रहते हुए उनकी बेहतरीन सेवा के लिए उन्हें चार बार राष्ट्रपति पुरस्कार से नवाजा गया. इसमें दो गैलेंट्री और दो चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ कमेंडेशन अवॉर्ड शामिल हैं.

भारत-चीन संबंधों पर ही जनरल सिंह चेन्नई और इंदौर यूनिवर्सिटी से एमफिल कर चुके हैं. साथ ही भारत-चीन सीमा विवाद के मसले पर उन्होंने विशेष अध्ययन के लिए नौकरी के दौरान ही स्टडी लीव ली. लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह​ चीन के साथ हुई सात रक्षा संबंधी अहम बैठकों में भी हिस्सा ले चुके हैं. चीन के सामने भारत का रक्षा संबंधी पक्ष रखने के लिए जनरल सिंह सात बार चीन की यात्रा कर चुके हैं. 2022 में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं. उत्तराखंड सैनिक बाहुल्य प्रदेश है. उत्तराखंड के बिपिन रावत सीडीएस के तौर पर काम कर रहे हैं. इस तरह से उत्तराखंड को एक नए राज्यपाल को राजनीतिक तौर पर काफी महत्वपूर्ण नजरिए से देखा जा रहा है.

No comments:

Post a Comment